
कपूरथला नगर निगम के मेयर चुनाव से ठीक एक दिन पहले शहर का राजनीतिक माहौल अचानक गरमा गया। विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा कांग्रेस नेताओं और कुछ पार्षदों से जुड़े संस्थानों पर की गई। कार्रवाई के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध शुरू कर दिया। विपक्ष ने इसे चुनाव से पहले राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश करार दिया है।
कार्रवाई के दौरान उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब कांग्रेस नेता एडवोकेट चंद्रशेखर की नगर निगम अधिकारियों के साथ तीखी बहस हो गई। मौके पर दोनों पक्षों के बीच जमकर नोकझोंक हुई। इस दौरान चंद्रशेखर ने अधिकारियों से कहा, “चलो बाहर… एडवोकेट चंद्रशेखर है मेरा नाम… जो कार्रवाई करनी है, करो।” घटना का वीडियो भी चर्चा का विषय बना हुआ है।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि मेयर चुनाव से ठीक पहले की गई यह कार्रवाई विपक्ष पर दबाव बनाने और चुनावी माहौल को प्रभावित करने के उद्देश्य से की गई है। उनका कहना है कि प्रशासनिक कार्रवाई की टाइमिंग कई सवाल खड़े करती है।
वहीं, संबंधित विभागों का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा है और इसका मेयर चुनाव से कोई संबंध नहीं है। हालांकि चुनाव से ठीक पहले हुई इस कार्रवाई ने कपूरथला की राजनीति में हलचल तेज कर दी है और इसे लेकर सियासी बयानबाजी भी शुरू हो गई है।

