अमेरिका में करीब 6 लाख डॉलर (लगभग 5.6 करोड़ रुपये) के कथित SNAP घोटाले में वांछित मनजीत सिंह बेदी को गिरफ्तार कर अमेरिका प्रत्यर्पित कर दिया गया है। FBI की ‘मोस्ट वांटेड फ्रॉडस्टर्स’ सूची में शामिल बेदी को पंजाब पुलिस और भारतीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों के संयुक्त प्रयासों से हिरासत में लिया गया था। 15 अक्टूबर को उसे अमेरिकी एजेंटों के हवाले कर दिया गया। अब अमेरिका में उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मनजीत सिंह बेदी पर अमेरिका के सप्लीमेंटल न्यूट्रिशन असिस्टेंस प्रोग्राम (SNAP) के तहत मिलने वाली खाद्य सहायता राशि में कथित धोखाधड़ी करने का आरोप है। यह कार्यक्रम जरूरतमंद और कम आय वाले लोगों को भोजन खरीदने में आर्थिक सहायता प्रदान करता है।
आरोपों के मुताबिक, बेदी वाशिंगटन के टकोमा में एक ग्रोसरी स्टोर चलाता था और इसी मामले में अमेरिकी जांच एजेंसियों को उसकी तलाश थी। कथित घोटाले की राशि करीब 6 लाख डॉलर बताई गई है।
मामले के अनुसार, अप्रैल 2026 में अमेरिकी अदालत में वायर फ्रॉड के आरोपों को लेकर पेश होने के दौरान मनजीत सिंह बेदी ने खुद को निर्दोष बताया था। इसके बाद वह कथित तौर पर जमानत की शर्तों का उल्लंघन कर अमेरिका से फरार हो गया।
बताया गया है कि वह कनाडा के रास्ते भारत पहुंचा और जालंधर में छिपकर रह रहा था। इसके बाद अमेरिकी जांच एजेंसी FBI ने 3 सितंबर 2026 को उसे अपनी ‘मोस्ट वांटेड फ्रॉडस्टर्स’ सूची में शामिल कर लिया।
बेदी की लोकेशन के बारे में जानकारी मिलने के बाद जालंधर पुलिस और भारतीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने कार्रवाई की। संयुक्त प्रयासों के बाद उसे हिरासत में लिया गया और 15 अक्टूबर को अमेरिकी एजेंटों के हवाले कर दिया गया। इस कार्रवाई के बाद बेदी को अमेरिका ले जाया गया, जहां उसे वाशिंगटन के वेस्टर्न डिस्ट्रिक्ट में संबंधित अदालत के समक्ष पेश किया जाएगा।
मनजीत सिंह बेदी अब अमेरिका पहुंच चुका है। उसके खिलाफ टकोमा स्थित अमेरिकी जिला अदालत में मुकदमा चलाया जाएगा। मामले में उस पर लगे आरोपों और कथित वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़े तथ्यों की न्यायिक प्रक्रिया के दौरान जांच होगी। FBI डायरेक्टर काश पटेल और अमेरिकी अटॉर्नी कार्यालय की ओर से प्रत्यर्पण की पुष्टि किए जाने की जानकारी दी गई है।
