पंजाब में सरकारी बसों से सफर करने वाले यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पंजाब रोडवेज, PRTC और पनबस के कच्चे कर्मचारियों ने 21 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करने का ऐलान किया है। इसके चलते सुबह से ही बसों में सफर करने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बस स्टैंड पर पहुंचे यात्रियों को बसों के लिए इंतजार करना पड़ रहा है, जबकि कई लोगों को निराश होकर प्राइवेट बसों का सहारा लेना पड़ रहा है।
पंजाब रोडवेज, PRTC कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन पंजाब के प्रधान रेशम सिंह गिल ने कहा कि कर्मचारियों की मांगों को लेकर सरकार के साथ कई दौर की बैठकें हो चुकी हैं। हर बार सरकार की ओर से कुछ दिनों का समय मांगा जाता है, लेकिन मामले का स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा। पिछले छह महीनों में सरकार के साथ 7 से 8 बैठकें हो चुकी हैं। इसके बावजूद कर्मचारियों की मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया।
यूनियन प्रधान रेशम सिंह गिल ने कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने विधानसभा में कर्मचारियों को ठेकेदारों के माध्यम से रखने की व्यवस्था खत्म करने और उन्हें सीधे सरकार के अधीन लाने की बात कही थी। हालांकि, यूनियन का आरोप है कि इस दिशा में अभी तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है।
सरकारी बस सेवाओं पर हड़ताल का असर पड़ने से यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बस स्टैंड पर पहुंचे लोगों को वैकल्पिक साधनों की तलाश करनी पड़ रही है और कई यात्रियों को प्राइवेट बसों में सफर करना पड़ रहा है।
