जालंधर के लाजपत नगर के पास शरारती तत्वों ने श्री गुरु गोविंद सिंह महाराज के फ्लैक्स बोर्ड फाड़ दिए। पुलिस ने इस केस में आईपीसी की धारा 295 और 34 जोड़ी है। बेअदबी के आरोपियों की पहचान के लिए पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज को कब्जे में लिया है। पुलिस मामले में छानबीन कर रही है। बता दें कि ये घटना 2 जनवरी की है। जब इस बारे में सिख समाज के नेताओं को पता चला तो उनके द्वारा इसे लेकर प्रदर्शन भी किया गया। जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह समाज को समझाया और कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
पुलिस को दिए गए बयान में गुरमीत सिंह ने बताया कि बीते दिनों उनके द्वारा श्री गुरु गोविंद सिंह महाराज के फ्लैक्स बोर्ड पूरे शहर में लगवाए गए थे। इस दौरान लाजपत नगर के आसपास स्थित बोर्ड को क्षति पहुंचाई गई है। शरारती तत्वों ने फ्लैक्स बोर्ड को फाड़ डाला और श्री गुरु गोविंद सिंह महाराज की तस्वीरों की बेअदबी भी की।
इसे लेकर जब पुलिस को शिकायत दी गई तो पुलिस ने मामले की जांच के बाद केस दर्ज किया है। वहीं एक सीसीटीवी भी पुलिस ने अपने कब्जे में लिया है। जिसके आधार पर मामले की जांच की जा रही है। सिख समाज ने कहा- ये फ्लैक्स बोर्ड लाजपत नगर के पास लगवाए गए थे। जिस पर श्री गुरु गोविंद सिंह जी की फोटो लगी हुई थी। आरोपी इतने शातिर थे कि बेअदबी के लिए रोड पर नहीं आए। वह पीछे गए और बोर्ड फाड़ दिए। जिससे वह सीसीटीवी में कैद न हों। जिसके बाद काफी देर रात गुरु गोविंद सिंह जी की फोटो जमीन पर पड़ी रही। मगर जब पुलिस ने कुछ और सीसीटीवी खंगाले तो एक सीसीटीवी में आरोपी बोर्ड फाड़ते हुए नजर आ गए।
