जालंधर : थाना मकसूदां के अंतर्गत आते इलाके में 2023 सन् में सड़क हादसे में 2 लोगों की मौत मामले में बिन्नी अरोड़ा के खिलाफ थाना मकसूदां की पुलिस ने FIR नं. 16/2023 दर्ज किया था। इस केस को लेकर आज कोर्ट में सुनवाई हुई। मामले की जानकारी देते हुए एडवोकेट अजय तलवाड़ ने बताया कि सड़क हादसे में 2 लोगों की मौत के मामले में कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में माननीय न्यायालय ने वर्ष 2023 में हुए सड़क हादसे के केस में बिन्नी अरोड़ा को बरी कर दिया है।
पुलिस द्वारा लगाए गए आरोपों को अदालत में सिद्ध करने में अभियोजन पक्ष पूरी तरह असफल रहा। ट्रायल के दौरान प्रमुख गवाह अपने बयान से मुकर गए और अभियोजन की कहानी से गंभीर विरोधाभास सामने आए। हादसे के तरीके, वाहन की पहचान और आरोपी की कथित भूमिका इन सभी बिंदुओं पर अभियोजन कोई ठोस सबूत पेश नहीं कर सका।
इस मामले में एडवोकेट अजय तलवार द्वारा मजबूती से पैरवी की गई। प्रभावी जिरह, जांच में खामियों का विस्तार से उजागर करना और मजबूत कानूनी तर्कों के आधार पर बचाव पक्ष ने यह सिद्ध किया कि अभियोजन अपनी बात को संदेह से परे सिद्ध करने में नाकाम रहा।
माननीय न्यायालय ने इन बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए पाया कि आरोपी के खिलाफ कोई विश्वसनीय, भरोसेमंद और स्वीकार्य साक्ष्य मौजूद नहीं है और इसी आधार पर बिन्नी अरोड़ा को सभी आरोपों से बरी कर दिया गया। यह फैसला एक बार फिर स्थापित करता है कि किसी भी व्यक्ति को तब तक दोषी नहीं ठहराया जा सकता जब तक उसके विरुद्ध स्पष्ट, पुख्ता और वैधानिक रूप से स्वीकार्य सबूत न हों।
