जालंधर में आम आदमी पार्टी के नेता लक्की ओबरॉय की हत्या के मामले में एक बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस जांच और बहराम टोल प्लाजा के सीसीटीवी फुटेज से पुष्टि हुई है कि हत्या को अंजाम देने वाला शूटर सोनू खत्री गैंग का गुर्गा गुरताज सिंह है। गुरताज ने 2 महीने के भीतर दो हत्याओं को अंजाम दिया है। फिलहाल पुलिस और कई जांच एजेंसियां उसकी सरगर्मी से तलाश कर रही हैं।
शुरुआत में पुलिस इस मामले में अर्जुन और उसके भाई को संदिग्ध मान रही थी। हालांकि, बहराम टोल प्लाजा के सीसीटीवी कैमरों ने तस्वीर साफ कर दी है। सीसीटीवी फुटेज में शूटर गुरताज सिंह खुद क्रेटा कार चलाता हुआ नजर आया है। गुरताज होशियारपुर की एमएक्स कॉलोनी का रहने वाला है और अपराधियों के बीच अपनी खास ‘फायरिंग स्टाइल’ के लिए जाना जाता है। वह दोनों हाथों से एक साथ पिस्टल चलाकर सटीक निशाना लगाने में माहिर माना जाता है।
जांच में सामने आया कि शूटर शहर के रास्तों से वाकिफ नहीं था। लक्की ओबरॉय के ही नौकर शमिंदर सिंह उर्फ शिंगारी ने उसे डीसी कॉलोनी से शहर के बाहर तक का रास्ता दिखाया। शिंगारी पहले कार चला रहा था और शूटर पीछे स्कूटी पर था। शहर से बाहर निकलते ही गुरताज ने कार की स्टेयरिंग संभाल ली और स्कूटी को रास्ते में कहीं छिपा दिया।
हत्या में इस्तेमाल की गई सफेद रंग की क्रेटा कार पुलिस ने बलाचौर इलाके से बरामद कर ली है। चौंकाने वाली बात यह है कि यह कार चोरी की थी, जिसे जीएस अरोड़ा नामक व्यक्ति ने लक्की ओबरॉय के पास 2.40 लाख रुपए में गिरवी रखा था। कत्ल से ठीक एक दिन पहले नौकर शिंगारी ने लक्की से बहाना बनाकर यह कार मांगी थी।
पुलिस ने साजिशकर्ता नौकर शिंगारी को अमृतसर के पास एक एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में शिंगारी ने बताया कि लक्की ओबरॉय ने उसकी पिटाई की थी, जिसका बदला लेने के लिए वह अमेरिका में बैठे जोगा फोल्डीवाल की साजिश में शामिल हो गया। जोगा ने ही इस पूरे कत्ल की जिम्मेदारी ली है।
शूटर गुरताज का क्राइम रिकॉर्ड खौफनाक है। इससे पहले 16 दिसंबर 2025 को उसने होशियारपुर में अब्दुल मोहम्मद की 7 गोलियां मारकर हत्या कर दी थी। वहां भी उसने दोनों हाथों से फायरिंग की थी। उस समय पुलिस को मौके से 9 खोखे मिले थे। पुलिस पिछले दो महीनों से उसे तलाश रही थी, लेकिन इस बीच उसने जालंधर में दूसरी वारदात को अंजाम दे दिया।
