दशहरा और दिवाली के त्योहारों को देखते हुए जालंधर जिला प्रशासन ने अस्थायी पटाखा मार्केट के लिए जगह तय कर दी है। अब पठानकोट रोड स्थित गांव राओवाली में 5.5 एकड़ जमीन पर पटाखा बाजार लगाया जाएगा। कई दिनों से बाजार की जगह को लेकर बनी असमंजस की स्थिति के बाद प्रशासन के इस फैसले से पटाखा कारोबारियों को राहत मिली है।
राओवाली में जिस जमीन पर अस्थायी पटाखा मार्केट लगाने का फैसला लिया गया है, वहां फिलहाल धान की फसल खड़ी है। बाजार तैयार करने से पहले फसल की कटाई की जाएगी।
प्रशासन की ओर से संबंधित किसान को फसल के नुकसान की भरपाई के लिए नियमानुसार उचित मुआवजा दिया जा रहा है। फसल की कटाई पूरी होने के बाद जमीन को समतल किया जाएगा और इसके बाद दुकानों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू होगी।
प्रशासन ने पटाखा मार्केट में सुरक्षा को लेकर कई सख्त नियम तय किए हैं। इसके तहत पटाखों की दुकानें हाईवे और रिहायशी इलाकों से कम से कम 50 मीटर की दूरी पर लगानी होंगी। इसके अलावा पेट्रोल पंप से भी दुकानों की दूरी कम से कम 50 मीटर रखनी होगी।
फैक्ट्रियों से दुकानों की दूरी कम से कम 15 मीटर और पार्किंग क्षेत्र से भी कम से कम 15 मीटर का फासला रखना अनिवार्य होगा। वहीं, दो पटाखा दुकानों के बीच कम से कम 3 मीटर की दूरी सुनिश्चित करनी होगी।
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने के लिए प्रशासन ने प्रत्येक दुकानदार के लिए भी जरूरी इंतजाम अनिवार्य किए हैं। हर दुकान के बाहर चार फायर एक्सटिंग्विशर रखना जरूरी होगा। इसके साथ ही आपात स्थिति से निपटने के लिए हर दुकानदार को 200 लीटर पानी का बैकअप भी रखना होगा।
प्रशासन का उद्देश्य पटाखों की बिक्री के दौरान आगजनी या किसी अन्य हादसे की स्थिति में तत्काल सुरक्षा इंतजाम उपलब्ध करवाना है।
पटाखों की बिक्री के लिए भी समय निर्धारित किया गया है। अस्थायी पटाखा मार्केट में दुकानदार सुबह 10 बजे से शाम 7:30 बजे तक ही पटाखों की बिक्री कर सकेंगे।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में दुकानदारों को सुरक्षा मानकों और बिक्री के तय समय का सख्ती से पालन करना होगा।
